युवा भाजपा नेता ने एस.सी एस.टी बच्चो के साथ हो रही धक्केशाही के खिलाफ कैप्टन अमरिंदर को पत्र लिख बताया पंजाब भाजपा हाईकमान से पीड़ितों को मिलवाऊँगा,कैप्टन पढ़ने वाले बच्चों को डिग्री देने के बदले ब्लैंक चेक लेने वालों के खिलाफ क़ानूनी कारवाई करवाए-अशोक सरीन हिक्की,नौजवानों को बेरोज़गारी बत्ता व घर-घर नौकरी देने जैसे सैकड़े वादे करने वाली कांग्रेस की वजह से युवाओ का भविष्य अंधकार मे फंसा,विद्यार्थीयों के मानसिक शोषण का मामला भाजपा युवा मोर्चा प्रधान व हाईकमान के ध्यान मे ला दिया है

युवा भाजपा नेता ने एस.सी एस.टी बच्चो के साथ हो रही धक्केशाही के खिलाफ कैप्टन अमरिंदर को पत्र लिख बताया पंजाब भाजपा हाईकमान से पीड़ितों को मिलवाऊँगा,कैप्टन पढ़ने वाले बच्चों को डिग्री देने के बदले ब्लैंक चेक लेने वालों के खिलाफ क़ानूनी कारवाई करवाए-अशोक सरीन हिक्की,नौजवानों को बेरोज़गारी बत्ता व घर-घर नौकरी देने जैसे सैकड़े वादे करने वाली कांग्रेस की वजह से युवाओ का भविष्य अंधकार मे फंसा,विद्यार्थीयों के मानसिक शोषण का मामला भाजपा युवा मोर्चा प्रधान व हाईकमान के ध्यान मे ला दिया है

पंजाब (शर्मा) पंजाब के लाखों एस.सी एस.टी विद्यार्थी बच्चो को 2017 से पंजाब कांग्रेस सरकार की वजह से पढ़ाई की डिग्री लेने मे हो रही परेशानी,धक्केशाही व जानलेवा हमले के खिलाफ आज पंजाब भाजपा युवा मोर्चा के सूबा उप-प्रधान अशोक सरीन हिक्की एडवोकेट के मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह को तीखे शब्दों मे पत्र लिखा।

इस बारे जानकारी देते युवा भाजपा नेता सरीन ने बताया केंद्र सरकार द्वारा निरंतर बच्चों की पढ़ाई के लिए फंड भेजने के बावजूद पंजाब सरकार की युवाओं के प्रति गैर-ज़िम्मेदराना नितियो के चलते पिछले चार सालो से पढ़ाई पुरी होने के बावजूद बच्चों को सर्टिफ़िकेट नही मिल रहे इतना ही नही पंजाब सरकार के नेताओ से मिलीभगत कर प्राइवेट कॉलेजो ने अब उनके दसवी से लेकर सभी सर्टिफ़िकेट वापिस देने के बदले ब्लैक चेक देने के लिए ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया है। इसलिए मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह तुरंत पढ़ने वाले बच्चों को डिग्री देने के बदले ब्लैंक चेक लेने वालों के खिलाफ क़ानूनी कारवाई करवाए।

सरीन ने कहा विधानसभा चुनावो मे नौजवानों की वोट लेने के लिए बेरोज़गारी बत्ता,घर-घर नौकरी देने,स्मार्ट फ़ोन देने जैसे सैकड़ों वादे करने वाली कांग्रेस की वजह से पंजाब के लाखों युवाओ का भविष्य अंधकार मे फ़सा हुआ है क्युकी बच्चों को बिना सर्टिफ़िकेट ना तो नौकरी मिलेगी ना ही वो आगे पढ़ सकते है।

सरीन ने बताया की पंजाब सरकार के नेताओ व प्राइवेट कॉलेज वालों से मिलीभगत साफ़ साबित हो रही है क्योंकि 15 जनवरी को मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह की अध्यक्षता मे हुई कैबिनेट बैठक मे साफ निर्देश दिए गये थे की तीन दिन मे बच्चों को उनके सर्टिफ़िकेट दिए जाए परंतु एक महीना बीत जाने के बावजूद कोई ठोस कारवाई नही हुई उल्टा बच्चों के पक्ष मे आवाज़ उठाने वाले स्टूडेंट नवदीप दकोया जालंधर पर जानलेवा हमला हो गया,अगर पंजाब सरकार की इच्छा लाखों बच्चों को इंसाफ़ दिलाने की होती तो जो प्राइवेट स्कूल कॉलेज की मान्यता पंजाब सरकार रद कर देती। दूसरा पंजाब सरकार अगर बच्चों को इंसाफ़ देना चाहती है तो तुरंत जिला स्तर पर एक शिकायत केंद्र स्थापित करे जिसमे प्रभावित अपनी शिकायत दर्ज करवा सके जिससे प्रभावित बच्चों का सही आंकडा भी पता लग सके।

विद्यार्थीयों के मानसिक शोषण का मामला भाजपा युवा मोर्चा प्रधान व हाईकमान के ध्यान मे ला दिया है।
सरीन ने बताया पंजाब मे भाजपा पहले से ही इस मामले पर सरकार के खिलाफ आवाज़ बुलंद कर रही है परंतु जो अब चेक वाला नया तरीक़ा निकाल लाखों पंजाबी बच्चों को मानसिक शोषण हो रहा है।इसलिए यह मामला पंजाब भाजपा युवा मोर्चा प्रधान भानु प्रताप राना व हाईकमान के ध्यान मे मामला ला दिया है।जिन्होंने विश्वास दिलाया की बहुत जल्द प्रभावित विद्यार्थियों से मिलकर इंसाफ़ दिलाने के लिए उनका सहयोग पंजाब भाजपा की तरफ की किया जाएगा ।